Patna : ह्यूस्टन — अमेरिका में बसे बिहारियों ने बिहार दिवस 2026 को ह्यूस्टन स्थित इंडिया हाउस में पूरे उत्साह, सांस्कृतिक गौरव और एकजुटता के साथ मनाया। इस भव्य आयोजन में Consulate General of India, Houston की सक्रिय और महत्वपूर्ण भागीदारी ने कार्यक्रम को विशेष गरिमा प्रदान की।
कार्यक्रम का आयोजन Bihar Foundation Texas Chapter, BANA, BAANA और AMBUJ के संयुक्त प्रयास से किया गया। इसका उद्देश्य प्रवासी बिहारियों के बीच आपसी जुड़ाव को मजबूत करना, बिहार की सांस्कृतिक पहचान को वैश्विक स्तर पर बढ़ावा देना और नए अवसरों के द्वार खोलना था।
इस आयोजन में भारतीय वाणिज्य दूतावास की केंद्रीय भूमिका रही। समन्वय का नेतृत्व प्रशांत के. सोना और यास्मीन आर्या ने किया। उनके साथ बिधु प्रकाश, रेखा तिवारी, डॉ. संतोष वर्मा और पार्थसारथी झा ने भी महत्वपूर्ण योगदान दिया। कार्यक्रम के सफल आयोजन के लिए इंडिया हाउस के निदेशक विपिन कुमार को विशेष धन्यवाद दिया गया।
टेक्सास के विभिन्न शहरों से बड़ी संख्या में लोगों ने भाग लिया। ह्यूस्टन टीम का नेतृत्व रेखा तिवारी ने किया, जबकि डलास टीम का नेतृत्व पार्थसारथी झा ने संभाला। प्रमुख प्रतिभागियों में नीरज कुमार, बिधु प्रकाश, रवि शंकर और पार्थसारथी झा शामिल रहे। डलास टीम के समन्वय में रवि शंकर (संयुक्त सचिव) की भूमिका उल्लेखनीय रही।
सांस्कृतिक प्रस्तुतियां कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण रहीं। डॉ. एकता सिंह के नेतृत्व में “वंदे मातरम्” का सामूहिक गायन भावनात्मक केंद्र बना। बच्चों और युवाओं ने गीत-संगीत की मनमोहक प्रस्तुतियां दीं। साथ ही, मधुबनी पेंटिंग, सिक्की कला और भागलपुर तसर सिल्क जैसी बिहार की प्राचीन कलाओं पर विशेष प्रस्तुति दी गई।
इस अवसर पर कुंदन कुमार (सचिव, उद्योग विभाग, बिहार सरकार; प्रबंध निदेशक, BIADA; एवं CEO, बिहार फाउंडेशन) ने अपने संदेश में आयोजन की सराहना की। उन्होंने बताया कि बिहार फाउंडेशन अब 47 वैश्विक चैप्टर तक विस्तार कर चुका है और डिजिटल पोर्टल व NRB कार्ड जैसी नई पहल शुरू की जा रही हैं।
महावाणिज्य दूत डी.सी. मंजूनाथ ने भी सभी संगठनों के सामूहिक प्रयासों की प्रशंसा की। इसके अलावा देवेश चंद्र ठाकुर, दिलीप कुमार जायसवाल और प्रत्यय अमृत के संदेश भी प्राप्त हुए।
कार्यक्रम का समापन एकता और गौरव के भाव के साथ हुआ। अब सभी की नजरें 2027 में डलास में आयोजित होने वाले बिहार दिवस समारोह पर टिकी हैं।
